पटना: राजद के निलंबित विधायक राजबल्लभ यादव के खिलाफ चल रहे बलात्कार के मामले में आज विशेष अदालत ने फैसला सुना दिया. कोर्ट ने राजबल्लभ समेत छह लोगों को दोषी करार दिया. इन सभी अभियुक्त को 21 दिसंबर को सजा सुनाई जा सकती है. राजबल्लभ को 7 साल से लेकर उम्रकैद तक की सजा हो सकती है. अगर ऐसा होता है तो राजबल्लभ कि विधायकी जा सकती है.
विशेष न्यायाधीश परशुराम सिंह यादव ने मामले में 3 दिसंबर को अंतिम बहस की सुनवाई पूरी करने के बाद अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था. इस मामले में विधायक समेत छह लोगों के खिलाफ सुनवाई हो रही थी. मामले में प्राथमिकी बिहारशरीफ के महिला थाने में दर्ज की गई थी. मामले की सुनवाई बिहारशरीफ सिविल कोर्ट के विशेष पॉक्सो की अदालत में चल रही थी. पटना में सांसदों और विधायकों की विशेष अदालत का गठन होने के बाद मामला यहां आ गया था.
क्या है मामला
6 फरवरी 2016 की शाम एक 15 वर्षीय छात्रा के साथ दुष्कर्म का है. बिहारशरीफ की रहने वाली छात्रा को उसकी पडोसी सुलेखा देवी यह कहकर अपने साथ ले गई थी कि उसे एक जन्मदिन की पार्टी में चलना है. छात्रा जब उसके साथ एक घर में पहुंची तो वहां कोई पार्टी नहीं चल रही थी. वहां विधायक राजबल्लभ मौजूद थे. रिपोर्ट के अनुसार राजबल्लभ और सुलेखा ने एक साथ शराब पी और छात्रा को भी जबरन शराब पिलानी चाही. छात्रा ने इससे इंकार किया तो विधायक ने उसे एक पोर्न फिल्म दिखाते हुए कहा कि वह भी ऐसे ही करे जैसा फिल्म में चल रहा है.
जब छात्रा ने उस घर से निकलने का प्रयास किया तो विधायक के बॉडीगार्ड ने उसे पकड़ कर वापिस विधायक के कमरे में धकेल दिया. पुलिस को दिए बयान में छात्रा ने बताया था कि विधायक ने अपने बॉडीगार्ड्स से कहा अगर वह पोर्न फिल्म की हीरोइन की तरह नहीं करती है तो वह उसके साथ बारी बारी से दुष्कर्म करें. इसके बाद विधायक ने भी छात्रा से दुष्कर्म किया. घटना के बाद छात्रा वहां से भागने में कामयाब हुई और पुलिस थाने पहुंच कर आपबीती सुनाई. मामला सत्ताधारी पार्टी से जुड़ा होने के कारण पुलिस ने न्यायिक मजिस्ट्रेट के सामने छात्रा के बयान दर्ज कराए. छात्रा ने फोटो देखकर आरोपी विधायक की पहचान की.
दुष्कर्म के अारोपी विधायक राजबल्लभ फिलहाल जेल में बंद हैं. इस मामले में नवादा से राजद विधायक राजबल्लभ के अलावा 5 अन्य भी आरोपी हैं. बता दें कि राजबल्लभ पर पूर्व में भी बलात्कार के आरोप लग चुके हैं जिसके कारण लालू यादव ने उन्हें पार्टी से निकाल दिया था.